निगम का ₹24 अरब का मेगा बजट: चिड़ियाघर में आएगा नया मेहमान, हुरावली में बनेगा ₹446 करोड़ का लग्जरी कॉम्प्लेक्स
महापौर का बड़ा बयान: "स्मार्ट सिटी के कारण शहर की हालत बिगड़ी, VIP कल्चर के दिखावे में बर्बाद हो रहा जनता का पैसा" VIDEO में देखिए बजट को लेकर भाजपा कांग्रेस में विरोधाभास

ग्वालियर। नगर सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए अपना महत्वाकांक्षी बजट पेश कर दिया है। महापौर डॉ. शोभा सतीश सिंह सिकरवार ने आज ₹23,91,81,12,000 का आय-व्यय पत्रक प्रस्तुत किया। बजट के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए महापौर ने स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट और ‘VIP कल्चर’ पर तीखे हमले किए, जो अब शहर में चर्चा का विषय बन गए हैं।
महापौर के कड़े तेवर : स्मार्ट सिटी और VIP कल्चर पर प्रहार
महापौर डॉ. शोभा सिकरवार ने बजट के साथ-साथ शहर की वर्तमान स्थिति के लिए पूर्ववर्ती योजनाओं और प्रशासनिक व्यवस्था को जिम्मेदार ठहराया :
- स्मार्ट सिटी एक विफलता : महापौर ने सीधे तौर पर कहा कि स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के कारण ग्वालियर की स्थिति खराब हुई है. उन्होंने आरोप लगाया कि सड़कों की खुदाई और लाइटों के सही संधारण न होने से जनता पिछले कई सालों से अंधेरे और असुविधा में रहने को मजबूर थी।
- VIP कल्चर और दिखावा : डॉ. सिकरवार ने ‘VIP कल्चर’ की आलोचना करते हुए कहा कि जब कोई बड़ा नेता शहर में आता है, तो केवल उनके रूट की सड़कों को चमकाया जाता है और होर्डिंग्स पर पैसा बर्बाद किया जाता है। उन्होंने सुझाव दिया कि “जैसा हमारा शहर है, हमें वैसा ही VIP को दिखाना चाहिए ताकि उन्हें असलियत पता चले”।
- ग्वालियर के साथ भेदभाव : उन्होंने आरोप लगाया कि इंदौर और भोपाल की तुलना में ग्वालियर को शासन से बहुत कम फंड मिल रहा है, जिससे कर्मचारियों के वेतन और विकास कार्यों में बाधा आ रही है।

बजट की बड़ी घोषणाएं : ग्वालियर को क्या मिला?
1. चिड़ियाघर में ‘चिम्पांजी’ और आधुनिक सर्पघर
ग्वालियर के चिड़ियाघर (गांधी प्राणी उद्यान) के लिए महापौर ने बड़ा पिटारा खोला है। बजट में चिम्पांजी को लाने के लिए ₹60 लाख का प्रावधान किया गया है. इसके अलावा, पर्यटकों के आकर्षण के लिए आधुनिक ‘सर्पघर’ और ‘वर्ड ऐवयरी’ का निर्माण भी किया जाएगा।
2. हुरावली में ₹446 करोड़ का ‘मल्टी-परपज’ प्रोजेक्ट
निगम की खाली भूमि का व्यावसायिक उपयोग कर आय बढ़ाने का बड़ा प्लान तैयार है। हुरावली में ₹446 करोड़ की लागत से एक आधुनिक व्यावसायिक और आवासीय परिसर बनाया जाएगा. यह प्रोजेक्ट ‘सेल्फ फाइनेंसिंग’ मॉडल पर होगा, जिससे निगम को भविष्य में बड़ा लाभ मिलेगा।
3. आवारा श्वानों से मुक्ति के लिए 5 नए आश्रय स्थल
शहरवासियों को आवारा कुत्तों की समस्या से निजात दिलाने के लिए बजट में 5 नए आश्रय स्थल (Shelter Homes) बनाने का प्रावधान है. साथ ही, एक नया एबीसी (Animal Birth Control) सेंटर भी शुरू किया जाएगा।
4. स्वच्छता और सड़कों के लिए भारी निवेश
- ₹160 करोड़ स्वच्छता बजट : ग्वालियर को कचरा मुक्त बनाने और फाइव स्टार रेटिंग दिलाने के लिए ₹160 करोड़ खर्च होंगे।
- 30 KM नई सड़कें : इस वित्तीय वर्ष में 30 किलोमीटर नई सी.सी. सड़कें बिछाने का लक्ष्य रखा गया है।
- 10 सामुदायिक भवन : गरीबों के सामाजिक और मांगलिक कार्यक्रमों के लिए 10 नए सामुदायिक भवन बनाए जाएंगे।
बजट की डिजिटल डायरी (मुख्य आंकड़े)

सभापति का फैसला : बजट प्रस्तुति के बाद सभापति मनोज सिंह तोमर ने संशोधन प्रस्तावों के लिए 10 मार्च तक का समय दिया है. बजट पर अंतिम चर्चा और पारित करने की प्रक्रिया 13 मार्च को दोपहर 3 बजे से शुरू होगी।
महापौर के बयान और बजट पेश करने के बाद क्या बोले सभापति और नेता प्रतिपक्ष लिंक पर क्लिक कर देखिए वीडियो 👇



